मेरी उद्यमशील यात्रा की शुरुआत 2016 में बिहार के नवादा के एक छोटे से गाँव से हुई । जिज्ञासा से प्रेरित होकर मैंने टॉर्च, स्विच और इमरजेंसी लैंप जैसे इलेक्ट्रिकल उत्पादों को ई-कॉमर्स प्लेटफ़ॉर्म पर सूचीबद्ध कर अपना हाथ आज़माया । जब कुछ ही दिनों में मुझे पहला ऑर्डर मिला तो मेरी खुशी का ठिकाना नहीं रहा ।
वह पल मेरे लिए एक निर्णायक मोड़ था—यही मेरा ऑनलाइन बिक्री से पहला वास्तविक परिचय था, जिसने मेरे भीतर उद्यमिता के प्रति गहरा उत्साह जगा दिया ।
शुरू-शुरू में तो बस यही सोचा था कि जल्दी-जल्दी नए ऑर्डर मिल जाएँ, लेकिन देखते-देखते यही काम एक दूर गाँव से सामान बनवाकर लोगों तक पहुँचाने का असली सबक सिखा गया । शुरुआती ऑर्डरों को संभालते हुए मैंने सप्लाई चेन और फ़ुलफ़िलमेंट की बुनियादी समझ हासिल की । सामने आई हर चुनौती ने मेरा आत्मविश्वास बढ़ाया और मुझे यह विश्वास दिलाया कि मैं सचमुच अपना कुछ खुद का बना सकता हूँ ।
2022 में मैंने एक बड़ा कदम उठाते हुए औपचारिक रूप से आयकिटज़िल इंक. की शुरुआत की, जो इलेक्ट्रिकल और इलेक्ट्रॉनिक उत्पादों में विशेषज्ञता रखती है। । जैसे-जैसे ऑर्डर आने लगे, मुझे समझ में आया कि ई-कॉमर्स में सफल होने के लिए निरंतर सीखना बेहद ज़रूरी है ।
ऑर्डरों की संख्या बढ़ने के साथ यह साफ़ हुआ कि मांग को समझने, पैकेजिंग में सुधार करने और ग्राहकों का भरोसा बनाने के लिए मुझे सही मार्गदर्शन की आवश्यकता है, ताकि मैं अपने व्यवसाय को अगले स्तर तक ले जा सकूँ ।
2023 में मुझे फ़्लिपकार्ट की वेबसाइट के माध्यम से वॉलमार्ट वृध्दि कार्यक्रम के बारे में जानकारी मिली । इसके डिजिटल टूल्स, बाज़ार तक पहुँच और व्यक्तिगत मेंटरशिप ने तुरंत मेरा ध्यान आकर्षित किया, और मैंने इसमें पंजीकरण करने का निर्णय लिया । यह फैसला मेरे व्यवसाय के प्रति दृष्टिकोण को पूरी तरह बदलने वाला साबित हुआ ।
उस समय तक मैं समझ से ज़्यादा उत्साह के सहारे काम कर रहा था। कार्यक्रम के मॉड्यूल और मेंटरशिप ने मेरी सोच को नया रूप दिया—मुझे यह समझ आने लगा कि कैटलॉगिंग, लॉजिस्टिक्स, ब्रांडिंग और ग्राहक सेवा मिलकर व्यवसाय को आगे बढ़ाने में कैसे भूमिका निभाते हैं ।
प्रत्येक मॉड्यूल से मिली सीख को लागू करते हुए मैंने पैकेजिंग और डिलीवरी से लेकर समग्र संचार तक अपने व्यवसाय के विभिन्न पहलुओं में सुधार किया। इसके परिणामस्वरूप हमारे उत्पादों की मांग पूरे भारत में तेज़ी से बढ़ी, जो लद्दाख तक पहुँची ।
मेंटरशिप सत्रों के दौरान ई-कॉमर्स में ग्राहक अनुभव को एक अहम स्तंभ के रूप में रेखांकित किया गया । मैंने बाज़ार विश्लेषण के लिए ग्राहक समीक्षाओं का मूल्यांकन करना सीखा और निर्यात से जुड़ा महत्वपूर्ण मार्गदर्शन प्राप्त किया, जिससे वॉलमार्ट मार्केटप्लेस के माध्यम से अंतरराष्ट्रीय बाज़ारों में विस्तार करने में मेरी रुचि बढ़ी । जल्द ही मुझे दोबारा ख़रीदारी करने वाले ग्राहक और सकारात्मक समीक्षाएँ मिलने लगीं ।
इसका प्रभाव आँकड़ों में साफ़ दिखा—मेरे राजस्व में 2022 में ₹7–8 लाख से बढ़कर 2023 में ₹75 लाख की वृद्धि हुई, और 2024 तक यह ₹2 करोड़ के पार पहुँच गया ।
इस तेज़ विकास का एक प्रमुख कारण फ़ुलफ़िलमेंट बाय फ़्लिपकार्ट (FBS) को अपनाना रहा, जिसके बारे में मुझे वॉलमार्ट वृध्दि कार्यक्रम के माध्यम से जानकारी मिली। पहले पैकेजिंग और शिपिंग की पूरी ज़िम्मेदारी मुझे स्वयं संभालनी पड़ती थी, जो समय लेने वाली और महँगी प्रक्रिया थी ।
फ़्लिपकार्ट के फ़ुलफ़िलमेंट नेटवर्क से जुड़ने के बाद हमारी सप्लाई चेन अधिक मज़बूत हुई, डिलीवरी तेज़ हुई और गुणवत्ता नियंत्रण भी अधिक सुसंगत हो गया । अब हमारे उत्पाद पूरे भारत में तेज़ी से, कई बार एक ही दिन में, ग्राहकों तक पहुँच रहे हैं । पेशेवर पैकेजिंग के कारण नुकसान और रिटर्न में भी कमी आई है । इससे लागत घटी, मुनाफ़े का मार्जिन बेहतर हुआ और ग्राहकों की संतुष्टि में उल्लेखनीय बढ़ोतरी हुई।
आज मैं अपने गाँव के पाँच लोगों को रोज़गार दे रहा हूँ और आगे चलकर और अधिक आजीविका के अवसर सृजित करने की आशा रखता हूँ । मेरा व्यवसाय इस बात का प्रमाण है कि डिजिटल पहुँच ग्रामीण उद्यमियों के लिए नए अवसरों के द्वार खोल सकती है । वॉलमार्ट वृध्दि से प्रेरित होकर, मैं अब अपने कौशल को और सुदृढ़ करने के लिए बिज़नेस एडमिनिस्ट्रेशन में औपचारिक अध्ययन भी कर रहा हूँ ।
आगे की योजना में आयकिटज़िल की ऑनलाइन उपस्थिति को एक ब्रांडेड वेबसाइट के माध्यम से मज़बूत करना, आयात के क्षेत्र में विस्तार करना और वॉलमार्ट मार्केटप्लेस के ज़रिये क्रॉस-बॉर्डर ट्रेड के अवसरों को तलाशना शामिल है । वॉलमार्ट वृध्दि से मिली सीख आज भी मेरे मार्गदर्शन का आधार बनी हुई है, जो एक छोटे से गाँव से शुरू हुए व्यवसाय को राष्ट्रीय पहुँच और वैश्विक महत्वाकांक्षाओं की ओर ले जा रही है ।